जिला शिक्षा अधिकारी मनीराम यादव द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, पुलिस चौकी वाड्रफनगर तथा थाना बंसतपुर से प्राप्त पत्र और प्रथम सूचना रिपोर्ट के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। शिकायत के अनुसार शिक्षक प्रतोष कुमार चंदेल पर आरोप है कि उन्होंने रात के समय एक महिला के घर में घुसकर जबरदस्ती दुष्कर्म किया तथा घटना की जानकारी किसी को देने या शोर मचाने पर जान से मारने की धमकी दी।

पीड़ित महिला द्वारा इस घटना की सूचना 6 मार्च 2026 को थाना बंसतपुर में दी गई थी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी शिक्षक के खिलाफ अपराध क्रमांक 35/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 64, 331(4) और 351(3) के अंतर्गत मामला दर्ज किया। इसके बाद 7 मार्च 2026 को आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। जिला शिक्षा अधिकारी एम.आर. यादव ने बताया कि आरोपी शिक्षक का यह कृत्य एक शासकीय सेवक की गरिमा के विपरीत है और नैतिक पतन को दर्शाता है। साथ ही यह महिला सम्मान के भी खिलाफ है। घटना की खबर सोशल मीडिया में प्रसारित होने से विभाग की छवि भी धूमिल हुई है। उन्होंने बताया कि यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम 3 तथा 3-ख का स्पष्ट उल्लंघन है। इसी आधार पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के नियम 9(1)(ख) के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबन की कार्रवाई की गई है।
निलंबन अवधि के दौरान प्रतोष कुमार चंदेल का मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय, बलरामपुर निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।

