जिला युवा कांग्रेस की कार्यकारिणी पर लगी रोक, खुशी पलभर में बदली निराशा में।
बलरामपुर। जिला युवा कांग्रेस बलरामपुर में नई कार्यकारिणी की घोषणा के बाद कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल बना ही था कि कुछ ही घंटों में यह खुशी निराशा में बदल गई। जिला अध्यक्ष बृजेश यादव द्वारा 29 मार्च 2026 को जारी की गई जिला कार्यकारिणी सूची पर छत्तीसगढ़ प्रदेश युवा कांग्रेस के संगठन प्रभारी महासचिव ने तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है।
नई कार्यकारिणी की घोषणा के बाद कई पदाधिकारियों और समर्थकों ने इसे संगठन के विस्तार और मजबूती की दिशा में बड़ा कदम माना था। लेकिन सूची जारी होने के कुछ ही समय बाद उस पर रोक लगने से जिले की राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इस घटनाक्रम के बाद युवा कांग्रेस के भीतर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। सूत्रों और राजनीतिक हलकों में यह अनुमान लगाया जा रहा है कि कार्यकारिणी में आपसी असमंजस, संगठनात्मक तालमेल की कमी तथा कथित रूप से पार्टी विरोधी माने जाने वाले कुछ लोगों की नियुक्ति को लेकर प्रदेश नेतृत्व ने यह कदम उठाया है। हालांकि, आधिकारिक रूप से रोक के स्पष्ट कारणों की विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
इस पूरे मामले ने बलरामपुर जिला युवा कांग्रेस के भीतर असहज स्थिति पैदा कर दी है। जिन कार्यकर्ताओं में नई जिम्मेदारियों को लेकर उत्साह था, वे अब असमंजस की स्थिति में हैं। फिलहाल सभी की नजरें प्रदेश नेतृत्व और जिला संगठन की अगली रणनीति पर टिकी हुई हैं। अब देखना यह होगा कि पार्टी इस विवाद को किस तरह सुलझाती है और आगे संगठनात्मक ढांचे में क्या बदलाव किए जाते हैं।


कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के साथ-साथ पलामू, रामगढ़, धनबाद, रांची, हजारीबाग, गढ़वा, गुमला, बरही और कोडरमा सहित विभिन्न जिलों के कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भागीदारी निभाई। इस अवसर पर विनोद भगत, सतीश मालाकार, राजेंद्र, सुरेंद्र, पिंटू मालाकार, शशि मालाकार, सुशांत, बबलू सैनी, निशांत सैनी, उमेश मालाकार, सूरज, संजय मालाकार, मुकेश मालाकार, मंटू मालाकार, शिवनारायण मालाकार, रंजीत मालाकार, वीरेंद्र, जितेंद्र मालाकार, मनु भगत और पंकज मालाकार सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे।फाउंडेशन के डायरेक्टर प्रकाश मालाकार ने कहा कि संगठन का उद्देश्य केवल सामाजिक एकजुटता ही नहीं, बल्कि धार्मिक और मानवीय अवसरों पर सेवा कार्यों के माध्यम से समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाना भी है। उन्होंने बताया कि भविष्य में भी इसी प्रकार के सेवा और जनकल्याणकारी कार्यक्रम निरंतर आयोजित किए जाते रहेंगे।