बलरामपुर,रामानुजगंज, जनपद पंचायत बलरामपुर में पदस्थ पंचायत सचिव विष्णुपद मण्डल को ऑनलाइन जन्म प्रमाण-पत्र बनाने के नाम पर राशि मांगने के मामले में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। उनके विरुद्ध विभागीय जांच भी संस्थित की गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार समाचार पत्र एवं सोशल मीडिया में एक ऑडियो प्रसारित हुआ था, जिसमें पंचायत सचिव द्वारा ऑनलाइन जन्म प्रमाण-पत्र बनाए जाने के लिए 200 रुपये की मांग किए जाने का आरोप लगाया गया था। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए जनपद पंचायत स्तर पर दो सदस्यीय जांच दल गठित कर मामले की जांच कराई गई।
जांच प्रतिवेदन में शिकायत प्रथम दृष्टया सही पाई गई। जांच में पाया गया कि पंचायत सचिव का कृत्य छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (आचरण) नियम, 1998 के नियम 3(1)(2)(3) का उल्लंघन करते हुए कदाचार की श्रेणी में आता है। इसके बाद संबंधित पंचायत सचिव को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। पंचायत सचिव द्वारा 17 जुलाई 2026 को अपना जवाब प्रस्तुत किया गया, लेकिन सक्षम प्राधिकारी द्वारा उसका परीक्षण करने पर जवाब असंतोषजनक पाया गया।
जिसके आधार पर जिला पंचायत सीईओ के द्वारा छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम, 1999 के नियम-4 के तहत श्री विष्णुपद मण्डल, पंचायत सचिव, ग्राम पंचायत भेलवाडीह (अतिरिक्त प्रभार ग्राम पंचायत बरदर) को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय जनपद पंचायत बलरामपुर निर्धारित किया गया है। साथ ही इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी।
रिश्वत मांगने के मामले में पंचायत सचिव निलंबित।

