युवाओं को राज्य विधानसभा और संसद में विचार रखने का सुनहरा अवसर
युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के तत्वावधान में विकसित भारत युवा संसद 2025 का आयोजन तीन चरणों में किया जा रहा है।
इस श्रृंखला का जिला स्तरीय युवा संसद कार्यक्रम 25 मार्च 2025 को नोडल संस्था शासकीय महाविद्यालय बलरामपुर में आयोजित होगा। कार्यक्रम में सरगुजा, जशपुर और बलरामपुर तीन जिलों के 101 प्रतिभागी भाग लेंगे। भारत सरकार ने शासकीय महाविद्यालय बलरामपुर को नोडल संस्था के रूप में चिन्हित किया है।
संस्था के नोडल प्राचार्य श्री एन.के. देवांगन ने बताया कि वर्ष 2047 के विकसित भारत विजन में युवाओं के सक्रिय योगदान को ध्यान में रखते हुए यह मंच युवाओं को दिया जा रहा है, ताकि वे देश के विकास पर अपने विचार प्रकट कर सकें। चयनित प्रतिभागियों को राज्य की विधानसभा और देश की संसद में विकसित भारत विजन 2047 पर बोलने का अवसर प्राप्त होगा।

इसी कड़ी में लगातार दो वर्षों तक टीबी मुक्त रहने वाली 10
मिली जानकारी के अनुसार इस हमले में दो जवान घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद सुरक्षाबलों ने जवाबी कार्रवाई की, जिससे नक्सली घने जंगलों की ओर भाग निकले। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेज दिया गया है।

लोगों को संदेह हो रहा है कि कहीं यह जांच सिर्फ औपचारिकता निभाने और किसी मिलीभगत का हिस्सा तो नहीं? कई लोग इसे अधिकारियों और ठेकेदारों की सांठगांठ से जोड़कर देख रहे हैं। यह भी आशंका जताई जा रही है कि कहीं परीक्षण के दौरान ली गई सामग्री के साथ छेड़छाड़ तो नहीं हो रही, ताकि रिपोर्ट मनमाफिक बनाई जा सके?
डॉ. बसंत कुमार सिंह ने ओपीडी पहुंचकर दैनिक उपस्थिति पंजी का अवलोकन किया। तत्पश्चात पोषण पुनर्वास केंद्र पहुंच उन्होंने बच्चों के माताओं से बात कर दी जा रही सुविधाओं के बारे में पूछा। उन्होंने प्रभारी चिकित्सक को अस्पताल परिसर में आवश्यक साफ-सफाई व्यवस्थित करने निर्देशित किया। उन्होंने प्रभारी अधिकारी से अस्पताल में साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने को कहा।
डॉ. सिंह ने दवाई भंडारण कक्ष का जायजा लेते हुए दवा व आवश्यक उपकरणों का सही रख-रखाव करने के निर्देश दिए। उन्होंने 100 बिस्तरीय अस्पताल में आम जनता के सुविधा हेतु ओटी, ब्लड स्टोरेज सेंटर, डायलिसिस यूनिट जल्द चालू करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। डॉ. सिंह ने अपने औचक निरीक्षण में साफ-सफाई में नाराजगी जाहिर करते हुए प्रभारी चिकित्सक व स्टोर प्रभारी को नोटिस जारी करते हुए एक सप्ताह के अन्दर व्यवस्था में सुधार करने हेतु निर्देशित किया। जिला कार्यक्रम प्रबंधक सुश्री स्मृति एक्का ने कायाकल्प कार्यक्रम अंतर्गत राज्य से होने वाले बाह्य मूल्यांकन हेतु तैयारी करने निर्देशित किया।

इसके बावजूद भी कार्य अवैध कार्य लगातार जारी था और मिट्टी का खनन का जुर्माना लगाते हुए एक वर्ष का 54000 रॉयल्टी शुल्क सहित डीएमएफटी मैनेजमेंट शुल्क, पर्यावरणीय शुल्क लगाया गया था। परंतु राशि विभाग को जमा नहीं किया गया।