Sat. Oct 24th, 2026

सीएससी के माध्यम से अब होगा निःशुल्क कृषक पंजीयन।

बलरामपुर, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, के द्वारा प्रधानमंत्री गतिशक्ति योजना अंतर्गत एग्रीस्टेक परियोजना के तहत सम्पूर्ण देश में कृषक हित में डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के माध्यम से नवाचार किया जा रहा है। एग्रीस्टेक परियोजना के तीन भाग है। जिसके अंतर्गत ग्राम का जियो रिफ्रेसिंग सर्वेक्षण नक्शा, राजस्व संबंधित अधिकार अभिलेख , डिजिटल फसल सर्वेक्षण  डिजिटल सर्वेक्षण एग्रीस्टेक परियोजना के अगामी चरण के रूप में सभी कृषि भूमिधारक का कृषि भूमि पहचान पत्र एवं कृषि भूमिधारक का पहचान पत्र का निर्माण किया जाना है।

कृषक पंजीयन डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के तहत् महत्वपूर्ण पहल है। जिसका उद्देश्य देश भर के कृषि भूमिस्वामी की एक व्यापक और एकीकृत पंजीयन बनाना है, जिससे सही लाभार्थियों  तक सरकारी योजनाएं और लाभ  सफलतापूर्वक पहुँचे। इसके लिए कृषक पंजीयन हेतु सामान्य सेवा केन्द्र सीएससी को अधिकृत किया गया है। इस हेतु कृषकों से कोई राशि नहीं लिया जाना है। यह पूर्णतः निःशुल्क है। केवाईसी किये जाने हेतु शासन द्वारा सीएससी को 15 रू. प्रति कृषक के मान से भुगतान किया जाएगा।

एग्रीस्टेक परियोजना अंतर्गत डिजिटल फसल सर्वेक्षण 15 अगस्त  से 30 सितम्बर 2025 तक किया जाना प्रस्तावित है, जिसके अनुसार जिले के प्रत्येक ग्राम में (खरीफ वर्ष 25-26) में लगाये गए फसलों का डिजिटल फसल सर्वेक्षण किया जावेगा। सर्वेक्षण कर्ताओं का चयन पटवारियों के माध्यम से तहसीलदार द्वारा 15 जुलाई 2025 तक किया जाना है। प्रत्येक सर्वेक्षणकर्ता को प्रत्येक सर्वे के लिए एप के माध्यम से सही सर्वेक्षण एवं अपलोड करने तथा स्वीकृत हो जाने के दशा में 10 रू. प्रति खसरा मानदेय आधार संबंध बैंक खातों के माध्यम से प्रदान किया जाएगा।

एकीकृत किसान पोर्टल में पंजीकृत किसानों को मिलेगी आदान सहायता राशि।

बलरामपुर, उप संचालक कृषि श्री रामचन्द्र भगत ने जानकारी दी है कि जिले में अधिकांश क्षेत्र वर्षा आधारित होने से मौसमीय प्रतिकूलता एवं कृषि आदान लागत में वृद्धि के कारण कृषि आय में अनिश्चितता बनी रहती है। जिसके कारण किसान फसल उत्पादन के लिए आवश्यक आदान जैसे उन्नत बीज, उर्वरक, कीटनाशक, यांत्रिकीकरण एवं नवीन कृषि तकनीकी में पर्याप्त निवेश नहीं कर पाते हैं। राज्य शासन द्वारा किसानों के लिए कृषि में पर्याप्त निवेश एवं कास्त लागत में राहत देने के लिए कृषि उन्नति योजना प्रारंभ की गई है। योजना का उद्देश्य फसल क्षेत्राच्छादन में वृद्धि तथा किसानों की आय व उत्पादन में वृद्धि करना है साथ ही फसल की कास्त लागत में कमी लाकर कृषकों की आय में वृद्धि तथा उनके सामाजिक, आर्थिक स्तर में भी सुधार करना है। योजना के द्वारा किसानों को उन्नत बीज, उर्वरक, कीटनाशक, मानव श्रम, यांत्रिकीकरण एवं नवीन कृषि तकनीकी में निवेश को प्रोत्साहन करना है। कृषक उन्नति योजना का लाभ उन्हीं कृषकों को मिलेगा जिन्होंने एकीकृत किसान पोर्टल में पंजीयन कराया होगा। योजना के अंतर्गत कृषकों को आदान सहायता राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके खातों में हस्तांतरित की जाएगी। खरीफ वर्ष 2025 में किसानों से उपार्जित धान की मात्रा पर, धान (कामन) पर 731 रुपये प्रति क्विंटल अधिकतम राशि 15351 प्रति एकड़ तथा धान (ग्रेड-ए) पर 711 रुपये प्रति क्विंटल अधिकतम राशि 14931 रुपये प्रति एकड़ की दर से आदान सहायता राशि प्रदान किया जाएगा।

विगत खरीफ में एकीकृत किसान पोर्टल में पंजीकृत ऐसे कृषक जिन्होंने धान फसल लगाई हो तथा सहकारी समितियों में समर्थन मूल्य पर धान विक्रय किया हो उन्हें धान के स्थान पर अन्य खरीफ फसल हेतु एकीकृत किसान पोर्टल में पंजीयन तथा गिरदावरी के रकबे की पुष्टी उपरांत मान्य रकबे पर 11000 प्रति एकड़ की दर से आदान सहायता राशि प्रदान किया जाएगा।

खरीफ में दलहन, तिलहन, मक्का, लघु धान्य फसल(कोदो, कुटकी, रागी) एवं कपास लेने वाले कृषकों को एकीकृत किसान पोर्टल पर पंजीयन तथा गिरदावरी में रकबे की पुष्टी उपरांत मान्य रकबे पर 10000 रुपये प्रति एकड़ की दर से आदान सहायता राशि प्रदान किया जाएगा।

जिला पंचायत सीईओ के द्वारा गौरलाटा कृषक उत्पादक कंपनी का शुभारंभ।

बलरामपुर, ग्रामीण कृषकों को उन्नत कृषि तकनीक एवं उचित मूल्य दिलाने की दिशा में बाजार उपलब्धता के लिए राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान के तहत जिला पंचायत सीईओ श्रीमती नयनतारा सिंह तोमर के द्वारा कंपनी एक्ट में पंजीकृत  गौरलाटा कृषक उत्पादक कंपनी कार्यालय का उद्घाटन किया गया। इसका उद्देश्य किसानों को उनके उपज का बेहतर मूल्य दिलाना और उन्हें उन्नत कृषि तकनीक से जोड़ना है। इस अवसर पर कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर के सदस्यों से कुसमी के कृषि उत्पाद एवं मार्केटिंग की जानकारी ली गई तथा कृषि उत्पादों के मूल्य बढ़ाने के लिए आवश्यक पहल करने के संबंध में मार्गदर्शन किया गया। कंपनी को सशक्त एवं लाभकारी बनाने के लिए ज्यादा से ज्यादा किसानों को इसमें जोड़ने पर विशेष ध्यान देने के लिए कहा गया। इस अवसर पर जनपद पंचायत सीईओ कुसमी, बिहान के अधिकारी-कर्मचारी के निदेशक मंडल के सदस्य एवं समूह के सदस्य उपस्थित रहे।

किसानों को करें जागरूक कलेक्टर बलरामपुर।

बलरामपुर,कलेक्टर श्री कटारा ने खाद-बीज उपलब्धता की जानकारी लेते हुए कहा कि जिले के किसानों को खेती के लिए समय पर गुणवत्ता युक्त उर्वरक एवं बीज उपलब्ध कराई जाए ताकि खरीफ फसल में कोई परेशानी न हो। कलेक्टर श्री कटारा ने कहा कि डीएपी के विकल्प में एनपीके और एसएसपी जैसे उर्वरकों के उपयोग के लिए किसानों को जागरूक व उपयुक्त मार्गदर्शन करें। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को बिना लाइसेंस खाद-बीज विक्रेताओं पर सख्त कार्यवाही करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बेहतर मॉनिटरिंग कर कार्यवाही करना सुनिश्चित करें। बैठक में अनुविभागीय अधिकारी, सहित विभागीय अधिकारीगण उपस्थित थे।

 

प्राथमिक शाला चुमरा प्रधान पाठक पर छात्रों से पुस्तक में सील लगवाने का आरोप, छात्रों और कर्मचारियों ने किया इनकार।

बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के अंतर्गत प्राथमिक शाला संकुल लावा के गेरुआ पोखर में एक अनोखा मामला सामने आया है जिसमें विद्यालय के प्रधान पाठक पर छात्रों से उनकी पाठ्यपुस्तकों में सील लगवाने का आरोप लगाया गया।हालांकि इस पूरे मामले में स्वयं छात्र-छात्राओं एवं शाला में कार्यरत कर्मचारियों ने इन आरोपों का खंडन करते हुए प्राचार्य को निर्दोष बताया है। घटना के संबंध में जब छात्र-छात्राओं से पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि विद्यालय में मध्यान्ह भोजन के उपरांत खेलकूद का समय था। उसी दौरान प्राचार्य किसी व्यक्ति से वार्तालाप करने बाहर गए हुए थे। इसी बीच अपने स्वेच्छा से अपनी-अपनी पुस्तकों में सील लगाना प्रारंभ कर दिया। छात्रों ने स्पष्ट किया कि प्राचार्य ने इस कार्य के लिए किसी प्रकार का दबाव नहीं बनाया था, बल्कि हमने अपनी मर्जी से यह कार्य किया।

वहीं विद्यालय में कार्यरत कर्मचारियों से जानकारी लेने पर उन्होंने भी प्रधान पाठक के आचरण की सराहना करते हुए बताया कि सर बच्चों के साथ सदैव घरेलू व्यवहार करते हैं।

उनका स्वभाव सरल एवं सहयोगी है, जिससे छात्र भयमुक्त होकर विद्यालय में शिक्षा ग्रहण करते हैं और सामान्य गतिविधियों में हिस्सा लेते हैं। कर्मचारियों का यह भी कहना था कि छात्रों द्वारा पुस्तकों में सील लगाना पूरी तरह स्वेच्छिक प्रक्रिया थी और इसमें प्रधान पाठक की कोई भूमिका नहीं रही है। उन्होंने कहा कि सर हमेशा छात्रों के सर्वांगीण विकास पर ध्यान देते हैं और उनके हित में कार्य करते हैं। इस प्रकार पूरे मामले की जांच के उपरांत यह स्पष्ट होता है कि लगाए गए आरोप निराधार एवं तथ्यहीन हैं। छात्रों और कर्मचारियों के बयानों से यह सिद्ध होता है कि प्रधान पाठक पर लगाए गए आरोप किसी गलतफहमी या उद्देश्यपूर्ण अफवाह का हिस्सा हो सकते हैं। विद्यालय में सकारात्मक वातावरण बनाए रखने हेतु ऐसी झूठी बातों से बचने की आवश्यकता है।

रामानुजगंज में मनाया गया यादे हुसैन ताजिया आलम के साथ जुलूस में धुम।

रामानुजगंज, — नगर में मोहर्रम के पावन अवसर पर यौमे आशूरा के दिन विशेष धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मोहर्रम कमेटी के अध्यक्ष फरीद खान उपाध्यक्ष ताजुद्दीन खान खजांची शाने राजा सिक्रिटी तेज अंसारी एवं समस्त सदस्य रामानुजगंज के तत्वावधान में ताजिया एवं सीपर आलम के साथ एक भव्य जुलूस निकाला गया, जिसमें क्षेत्र के बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग शामिल हुए। पूरे जुलूस मार्ग पर शांति, अनुशासन और श्रद्धा का माहौल देखने को मिला।

जुलूस के दौरान ताजिया और आलम को पूरे सम्मान के साथ नगर के मुख्य मार्गों से होते हुए गांधी मैदान पहुंचा। इस धार्मिक कार्यक्रम में युवाओं के साथ बुजुर्गों और बच्चों की भी भागीदारी रही। मातम, नौहा और सीनाजनी करते हुए लोगों ने इमाम हुसैन की कुर्बानी को याद किया। स्थानीय प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम किए गए थे, जिससे आयोजन शांतिपूर्वक संपन्न हुआ।

वहीं दूसरी ओर, नमाज-ए-जुहर के बाद अंजुमन कमेटी रामानुजगंज द्वारा जामा मस्जिद में एक विशेष दिनी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नगरवासियों ने भाग लिया। कार्यक्रम की शुरुआत कुरआन की तिलावत से हुई, जिसके पश्चात मस्जिद के इमाम हजरत मौलाना तौहिद रजा साहब ने यौमे आशूरा और मुहर्रम उल हराम के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला।

मौलाना तौहीद रजा ने अपने बयान में कहा कि मुहर्रम का महीना इस्लामी कैलेंडर का पहला महीना होता है और यह शहादत, सब्र और कुर्बानी का प्रतीक है। उन्होंने मैदाने कर्बला की शरीयत के मुताबिक घटनाओं का जिक्र करते हुए बताया कि किस तरह इमामे हुसैन और उनके परिवार ने अन्याय के खिलाफ लड़ते हुए अपनी जान की कुर्बानी दी। उनके कुर्बानी से हमें इंसाफ, हिम्मत और सच्चाई के रास्ते पर चलने की प्रेरणा मिलती है। इस मौके पर अमन और भाईचारे की दुआ मांगी गई। संपूर्ण कार्यक्रम शांति और सौहार्द के वातावरण में सम्पन्न हुआ।

शैलेश गुप्ता अब होंगे नगर पालिका परिषद में विधायक प्रतिनिधि।

रामानुजगंज विधानसभा क्षेत्र से विधायक और प्रदेश के कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम ने रामानुजगंज नगर पालिका परिषद में अपना प्रतिनिधि यानी विधायक प्रतिनिधि स्थानीय भाजपा नेता शैलेश गुप्ता को चुना है.. जानकारी के अनुसार शैलेश गुप्ता रामानुजगंज नगर पालिका परिषद में विधायक रामविचार नेताम का प्रतिनिधित्व करेंगे..शैलेश गुप्ता कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम के करीबी माने जाते हैं..और पार्टी के कार्यकर्ताओं के बीच काफी लोकप्रिय भी है ।

शैलेष गुप्ता वर्ष 2004 से 19 तक 3 बार नगर पंचायत निर्वाचित पार्षद रहे है..इसके साथ ही वर्ष 2004 से 2009 तक नगर पंचायत में उपाध्यक्ष रहे और शासकीय महाविद्यालय रामानुजगंज के जनभागीदारी अध्यक्ष भी रहे .इसके साथ ही उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के सँयुक्त सरगुजा जिला के जिलामंत्री, भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष सहित पार्टी के विभिन्न पदों पर रहते हुए अपनी सेवाएं दी है..वर्तमान में गुप्ता भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिला महामंत्री पद पर अपने पदीय दायित्वों का निर्वहन कर रहे है..

शैलेष गुप्ता को विधायक प्रतिनिधि बनाये जाने के साथ ही उनके समर्थकों के बीच उत्साह का माहौल है..वही शैलेषगुप्ता ने कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा..की उन्हें जो जिम्मेदारी दी गई है..उसका वे निर्वहन करेंगे..उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता नगरवासियों की समस्याओं का समाधान नगर सरकार के साथ तालमेल बनाकर करेंगे..इसके साथ ही शासन की महत्वपूर्ण योजनाओ के किर्यान्वयन में सहयोग कर के आमजन तक उसका लाभ पहुचाना प्राथमिकता रहेगी शैलेष गुप्ता ने आगे कहा कि

छतिषगढ़ के वरिष्ठ मंत्री श्री रामविचार नेताम जी द्वारा मुझे नगर पालिका परिषद रामानुजगंज के लिए विधायक प्रतिनिधि के रूप में नियुक्त किया जाना मेरे लिए गौरव एवं जिम्मेदारी का विषय है। मैं माननीय मंत्री जी के विश्वास पर खरा उतरने का पूर्ण प्रयास करूंगा और संकल्प लेता हूँ कि नगर क्षेत्र के विकास, जनकल्याण और पारदर्शी प्रशासन के लिए मैं पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण भाव से कार्य करूंगा।

शराबी सहायक शिक्षक को किया गया निलंबित।

शासकीय प्राथमिक शाला सोनहत विकासखंड वाड्रफनगर में  सहायक शिक्षक छोटेलाल पंडो के विरुद्ध कार्रवाई की गई बताया गया कि शराब का सेवन कर विद्यालय में कक्षा 1 ली से 5 वीं तक अध्ययनरत छात्र/छात्राओं आयुष कुमार कक्षा तीसरी, कुमारी प्रिया कक्षा पांचवीं, नीरज कुमार कक्षा दूसरी, कुमारी कुमारी रचना कक्षा चौथी से मारपीट संबंधी शिकायत प्राप्त हुई थी। विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी वाड्रफनगर के द्वारा प्रस्तुत जांच प्रतिवेदन के आधार पर संस्था में पदस्थ सहायक शिक्षक श्री छोटेलाल पंडो की उपर्युक्त लापरवाही प्रमाणित पाई गई। श्री छोटेलाल पंडो का उक्त कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम-1965 के नियम-03 का स्पष्ट उल्लंघन है। शासकीय कर्तव्य के प्रति लापरवाही बरतने के कारण छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम-9 (1) (क) के तहत् जिला शिक्षा अधिकारी श्री डी. एन. मिश्रा द्वारा श्री छोटेलाल पंडो को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि में श्री छोटेलाल पंडो का मुख्यालय कार्यालय विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी बलरामपुर नियत किया गया है। निलंबन अवधि में श्री पंडो को नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी।

पर्याप्त मात्रा में खाद-बीज का भण्डारण उपसंचालक रामचन्द्र भगत ।

बलरामपुर,जिले के कृषकों के लिए खरीफ वर्ष 2025-26 में समितियों के माध्यम से कृषकों को अब तक 7531 मीट्रिक टन खाद एवं 1045 क्विंटल बीज का वितरण किया जा चुका है।
कृषि विभाग उपसंचालक रामचन्द्र भगत ने जानकारी दी है कि जिले में खरीफ मौसम के लिए विभिन्न फसलों का 1687 क्विंटल बीज सहकारी समितियों में भण्डारण किया गया है। वर्तमान में कृषकों द्वारा 1045 क्विंटल बीज उठाव किया जा चुका है। इसी प्रकार यूरिया, डी.ए.पी., एन.पी.के., एस.एस.पी. एवं एम.ओ.पी. के 11419 मीट्रिक टन उर्वरक का भण्डारण जिले के सहकारी समितियों एवं निजी संस्थाओं में किया गया है, जिसमें से 7531 मीट्रिक टन उर्वरक का वितरण किसानों को किया जा चुका है। इसमें विभिन्न समितियों द्वारा यूरिया 3667 मीट्रिक टन, डी.ए.पी. 1185 मीट्रिक टन, एन.पी.के. 2038 मीट्रिक टन, एस.एस.पी. 529 मीट्रिक टन, एम.ओ.पी. 110 मीट्रिक टन रासायनिक खाद कृषकों को वितरित किया गया है। इसी प्रकार समिति एवं निजी संस्थानों में 17526 मीट्रिक टन यूरिया का भण्डारण किया गया है। साथ ही 3252 मीट्रिक टन डी.ए.पी., 6397 मीट्रिक टन एन.पी.के. 6642 मीट्रिक टन एस.एस.पी. तथा 1072 मीट्रिक टन उर्वरक का भंडारण किया गया है।
कृषि विभाग अधिकारी ने बताया कि डीएपी के बजाय एन.पी.के. और एस.एस.पी. का उपयोग करें। डीएपी में जो कम्पोनेंट होते है उससे बेहतर कम्पोनेंट एन.पी.के. और एस.एस.पी. में उपलब्ध है। इसके उपयोग से बेहतर उर्वरता भूमि में आएगी और बेहतर फसल उत्पादन होगा। कृषि विभाग अधिकारी ने कहा है कि यदि किसानों को खाद-बीज के संबंध में किसी भी प्रकार की समस्या आ रही है तो मुन्ना राम मोबाईल नम्बर-73543-93188 से कार्यालयीन समय में संपर्क किया जा सकता है।

जिले के प्रभारी सचिव श्रीमती रीना बाबा साहेब कंगाले जिले के प्रवास पर।

छत्तीसगढ़ शासन खाद्य नागरिक एवं आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग सचिव एवं जिले के प्रभारी सचिव श्रीमती रीना बाबा साहेब कंगाले 04 जुलाई 2025 को मिलि जानकारी के अनुसार बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में प्रवास पर रहेंगी। इस दौरान 04 जुलाई को दोपहर 12ः00 बजे संयुक्त जिला कार्यालय भवन के सभाकक्ष में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक भी लेंगी।