Fri. Oct 23rd, 2026

August 2026

भारी बारिश से छोटी पुलिया जलमग्न, ग्रामीणों और छात्रों का मुख्य सड़क से टूटा संपर्क

रामचंद्रपुर। लगातार हो रही भारी बारिश के कारण जनपद पंचायत रामचंद्रपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत लुर्गी के खुटहनपारा जाने वाले मार्ग पर स्थित छोटी पुलिया जलमग्न एवं बाधित हो गई है। पुलिया पर पानी भर जाने तथा मार्ग की स्थिति खराब होने से ग्रामीणों और स्कूली छात्रों की आवाजाही बुरी तरह प्रभावित हो रही है। मुख्य सड़क से बस्ती और स्कूल का संपर्क प्रभावित होने से ग्रामीणों के सामने आवागमन का गंभीर संकट खड़ा हो गया है।

ग्रामीणों के अनुसार बारिश के दौरान पुलिया के ऊपर पानी का बहाव बढ़ जाने से इस मार्ग से गुजरना जोखिम भरा हो जाता है। इसका सबसे अधिक असर स्कूली बच्चों पर पड़ रहा है। विद्यार्थियों को स्कूल आने-जाने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, किसी आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने के साथ-साथ रोजमर्रा की आवश्यक वस्तुओं के लिए मुख्य सड़क तक पहुंचना भी मुश्किल हो गया है।

ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया की समस्या लंबे समय से बनी हुई है और प्रत्येक बारिश में स्थिति और गंभीर हो जाती है। इसके बावजूद अब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। इससे ग्रामीणों में प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों के प्रति नाराजगी बढ़ती जा रही है।

ग्रामीणों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से तत्काल मौके का निरीक्षण कर पुलिया की मरम्मत कराने, सुरक्षित आवागमन की व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा उत्पन्न न हो, इसके लिए स्थायी समाधान की मांग की है। अब देखना होगा कि जिम्मेदार विभाग इस समस्या को कितनी गंभीरता से लेते हैं और ग्रामीणों एवं छात्रों के लिए आवागमन कब तक बहाल हो पाता है।

 

भारी बारिश से छोटा पुलिया बाधित, ग्रामीणों और छात्रों का मुख्य सड़क से संपर्क टूटा

रामचंद्रपुर। लगातार हो रही भारी बारिश के कारण जनपद पंचायत रामचंद्रपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत कनकपुर के खुटहनपारा जाने वाले मार्ग पर स्थित छोटी पुलिया बाधित हो गई है। पुलिया के क्षतिग्रस्त एवं जलमग्न होने से ग्रामीणों और स्कूली छात्रों की आवाजाही प्रभावित हो रही है। मुख्य सड़क से बस्ती एवं स्कूल का संपर्क टूटने से ग्रामीणों के सामने आवागमन का गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
ग्रामीणों के अनुसार बारिश के दौरान पुलिया पर पानी का तेज बहाव होने के कारण इस मार्ग से गुजरना जोखिम भरा हो गया है। सबसे अधिक परेशानी स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है। उन्हें स्कूल आने-जाने के लिए पानी और खराब रास्ते के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है। वहीं, आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल ले जाने तथा रोजमर्रा की आवश्यकताओं के लिए मुख्य सड़क तक पहुंचना भी मुश्किल हो गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया की समस्या नई नहीं है, लेकिन बारिश के मौसम में स्थिति और गंभीर हो जाती है। इसके बावजूद अब तक स्थायी समाधान की दिशा में प्रभावी पहल नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों पर समस्या की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए जल्द से जल्द पुलिया की मरम्मत एवं आवागमन बहाल कराने की मांग की है। अब देखना होगा कि प्रशासन और जनप्रतिनिधि बारिश के बीच ग्रामीणों एवं छात्रों की इस गंभीर समस्या को कितनी गंभीरता से लेते हैं और कब तक आवागमन बहाल कराया जाता है।

रक्षा बंधन पर्व के पूर्व जिले में सात दिवसीय खाद्य सुरक्षा प्रवर्तन अभियान।

बलरामपुर,रामानुजगंज नियंत्रक खाद्य एवं औषधि प्रशासन छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार एवं कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन में जिले के आम नागरिकों को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण एवं मानक खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 17 से 23 अगस्त तक सात दिवसीय बने खाबों बने रहिबो 2.0 सघन खाद्य सुरक्षा प्रवर्तन अभियान संचालित किया जा रहा है। आगामी रक्षा बंधन पर्व को दृष्टिगत रखते हुए अभियान के तहत खाद्य पदार्थों में मिलावट, मिथ्याछाप, भ्रामक जानकारी, असुरक्षित खाद्य पदार्थों तथा प्रतिबंधित एनालॉग डेयरी उत्पादों के निर्माण, वितरण एवं विक्रय पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जिले में खाद्य प्रतिष्ठानों की सघन जांच की जा रही है।
अभिहित अधिकारी, खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने बताया कि रक्षा बंधन पर्व के पूर्व जिले में संचालित मिठाई दुकानों, डेयरी एवं किराना दुकानों का निरीक्षण किया जा रहा है। जांच के दौरान गुणवत्ता को लेकर संदेह होने पर खाद्य पदार्थों के नमूने संकलित कर परीक्षण के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा जा रहा है।
उन्होंने बताया कि प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के पश्चात अमानक पाए जाने वाले खाद्य पदार्थों के संबंध में नियमानुसार प्रकरण दर्ज कर न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा।

गुणवत्तापूर्ण एवं मानक खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य सात दिवसीय चलेगा खाद्य सुरक्षा प्रवर्तन अभियान।

बलरामपुर,रामानुजगंज नियंत्रक खाद्य एवं औषधि प्रशासन छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार एवं कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन में जिले के आम नागरिकों को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण एवं मानक खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 17 से 23 अगस्त तक सात दिवसीय बने खाबों बने रहिबो 2.0 सघन खाद्य सुरक्षा प्रवर्तन अभियान संचालित किया जा रहा है। आगामी रक्षा बंधन पर्व को दृष्टिगत रखते हुए अभियान के तहत खाद्य पदार्थों में मिलावट, मिथ्याछाप, भ्रामक जानकारी, असुरक्षित खाद्य पदार्थों तथा प्रतिबंधित एनालॉग डेयरी उत्पादों के निर्माण, वितरण एवं विक्रय पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जिले में खाद्य प्रतिष्ठानों की सघन जांच की जा रही है।
अभिहित अधिकारी, खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने बताया कि रक्षा बंधन पर्व के पूर्व जिले में संचालित मिठाई दुकानों, डेयरी एवं किराना दुकानों का निरीक्षण किया जा रहा है। जांच के दौरान गुणवत्ता को लेकर संदेह होने पर खाद्य पदार्थों के नमूने संकलित कर परीक्षण के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला भेजा जा रहा है।
उन्होंने बताया कि प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के पश्चात अमानक पाए जाने वाले खाद्य पदार्थों के संबंध में नियमानुसार प्रकरण दर्ज कर न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा।

रामानुजगंज डिजिटल कृषि क्रांति की ओर बढ़ते कदम, एग्रीस्टैक पंजीयन के लिए डोर-टू-डोर विशेष अभियान।

बलरामपुर रामानुजगंज। किसानों को डिजिटल कृषि व्यवस्था से जोड़ने तथा शासकीय योजनाओं का लाभ अधिक सुगमता और पारदर्शिता के साथ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बलरामपुर कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देशानुसार। रामानुजगंज विकासखंड में एग्रीस्टैक पंजीयन को लेकर विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत प्रशासन एवं कृषि विभाग की संयुक्त टीम गांव-गांव पहुंचकर किसानों का डोर-टू-डोर पंजीयन कराने के साथ उन्हें एग्रीस्टैक के महत्व की जानकारी दे रही है।

संयुक्त टीम के समन्वय से गांव-गांव पहुंच रहा अभियान

अनुविभागीय अधिकारी राजस्व (एसडीएम), तहसीलदार एवं वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी रामानुजगंज के मार्गदर्शन में कृषि एवं राजस्व विभाग की संयुक्त टीम द्वारा जमीनी स्तर पर अभियान को गति दी जा रही है। अभियान में ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी (RAEO), पटवारी, ग्राम पंचायत सचिव, रोजगार सहायक एवं किसान मित्रों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई है।
टीम द्वारा किसानों को एग्रीस्टैक पंजीयन के लिए जागरूक करने के साथ पात्र किसानों का पंजीयन कराया जा रहा है, ताकि कोई भी किसान शासन की विभिन्न योजनाओं एवं कृषि संबंधी सुविधाओं से वंचित न रहे। भूमि स्वामियों को भी एग्रीस्टैक पंजीयन के महत्व की जानकारी दी जा रही है। इसके अलावा कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से भी किसानों का पंजीयन कराया जा रहा है।

भंवरमाल समिति में किसानों को दी गई आधुनिक कृषि की जानकारी

हाल ही में भंवरमाल समिति में आयोजित कार्यक्रम के दौरान किसानों का कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से एग्रीस्टैक पंजीयन कराया गया। इस दौरान वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी रामानुजगंज द्वारा किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) के लाभ, नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी के वैज्ञानिक उपयोग सहित आधुनिक कृषि तकनीकों की विस्तार से जानकारी दी गई।
अधिकारियों ने किसानों को डिजिटल कृषि व्यवस्था से जुड़ने के साथ ही उन्नत कृषि तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के दौरान किसानों में आधुनिक तकनीक के प्रति जागरूकता और उत्साह देखने को मिला।

डिजिटल कृषि सेवाओं से सशक्त होंगे अन्नदाता

प्रशासन का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक पात्र किसान का एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन कराकर उन्हें शासन की विभिन्न डिजिटल कृषि सेवाओं से जोड़ना है। इससे किसानों को सरकारी योजनाओं की जानकारी एवं लाभ प्राप्त करने में सुविधा होगी। साथ ही फसल, भूमि एवं कृषि संबंधी आवश्यक जानकारी डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराने की दिशा में भी यह अभियान महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
प्रशासन का मानना है कि एग्रीस्टैक पंजीयन से किसानों तक शासकीय योजनाओं एवं कृषि सेवाओं की पहुंच अधिक पारदर्शी, सरल और प्रभावी होगी। डिजिटल कृषि व्यवस्था के विस्तार से किसानों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के साथ क्षेत्र की कृषि अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

खबर का असर: महावीरगंज में केमिकल प्लांट के पानी की वैज्ञानिक जांच शुरू।

रामानुजगंज। ग्राम महावीरगंज में स्थित ग्रेफाइट केमिकल प्लांट से निकलने वाले कथित रासायनिकयुक्त पानी के नदी में प्रवाहित होने को लेकर ग्रामीणों की चिंता और जेके जी न्यूज़ द्वारा प्रमुखता से खबर प्रकाशित किए जाने के बाद जिला प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया है। कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देश पर संबंधित विभाग की जल विशेषज्ञ टीम ने महावीरगंज पहुंचकर प्लांट एवं आसपास के क्षेत्र से पानी के नमूने एकत्र किए हैं। इन नमूनों की वैज्ञानिक जांच जिला जल प्रयोगशाला में की जा रही है।
दरअसल, विकासखंड रामचन्द्रपुर के ग्राम महावीरगंज स्थित केमिकल प्लांट से निकलने वाले पानी को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन के समक्ष शिकायत दर्ज कराते हुए पानी की गुणवत्ता की जांच कराने और आवश्यक कार्रवाई की मांग की थी। युवा कांग्रेस नेता इंतखाब अंसारी एवं जिला कांग्रेस कमेटी के व्यास मुनि यादव सहित ग्रामीणों ने इस मामले को उठाते हुए नदी में प्रवाहित हो रहे पानी से संभावित नुकसान की आशंका जताई थी।


ग्रामीणों का आरोप था कि प्लांट से निकलने वाला पानी नदी में प्रवाहित हो रहा है, जिससे आसपास के क्षेत्र में रहने वाले लोगों और मवेशियों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है। ग्रामीणों ने चर्मरोग सहित अन्य समस्याओं की भी आशंका जताई थी। हालांकि, पानी वास्तव में प्रदूषित है या नहीं तथा उसमें किसी प्रकार के हानिकारक रासायनिक तत्व मौजूद हैं या नहीं, इसकी पुष्टि वैज्ञानिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, खंड बलरामपुर के कार्यपालन अभियंता को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद विभागीय अमले के साथ जल विशेषज्ञ टीम ने महावीरगंज पहुंचकर प्लांट और आसपास के क्षेत्रों से पानी के नमूने लिए।
अब ग्रामीणों के साथ प्रशासन और क्षेत्रवासियों की नजर जांच रिपोर्ट पर टिकी हुई है। वैज्ञानिक परीक्षण से यह स्पष्ट होगा कि नदी में प्रवाहित हो रहा पानी निर्धारित मानकों के अनुरूप है अथवा उसमें किसी प्रकार के रासायनिक तत्व या प्रदूषण की मौजूदगी है। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।

मंत्री नेताम की पहल से जिले में जल्द खुलेगा रेलवे रिजर्वेशन काउंटर,केंद्रीय रेल मंत्री से की मुलाकात।

बलरामपुर रामानुजगंज छत्तीसगढ़ आदिम जाति और कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के लोगों की लंबे समय से चली आ रही महत्वपूर्ण मांग को प्रमुखता से उठाते हुए केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव से आज सुबह दिल्ली में सौजन्य मुलाकात की। उन्होंने मांग पत्र प्रेषित कर बलरामपुर जिला मुख्यालय में शीघ्र रेलवे रिजर्वेशन काउंटर प्रारंभ कराने का आग्रह किया है। मंत्री श्री रामविचार नेताम की मांग पर केन्द्रीय रेल मंत्री ने सहमति प्रदान करते हुए जल्द मांग पूरी करने का आश्वासन दिया। रेल्वे काउंटर बनने से हजारों यात्रों को राहत मिलेगी।

मंत्री श्री नेताम ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि सरगुजा संभाग के अंतर्गत आने वाले बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में रेलवे रिजर्वेशन काउंटर की सुविधा उपलब्ध नहीं होने से आम नागरिकों, विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों, व्यापारियों तथा मरीजों सहित हजारों यात्रियों को टिकट आरक्षण के लिए दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता है। इससे समय और धन दोनों की अतिरिक्त हानि होती है तथा आम लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

उन्होंने कहा कि क्षेत्र के नागरिकों एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा लंबे समय से जिले में रेलवे रिजर्वेशन काउंटर खोलने की मांग लगातार की जा रही है। जनसंख्या, बढ़ती यात्रा आवश्यकताओं तथा क्षेत्रीय विकास को देखते हुए अब यह सुविधा उपलब्ध कराना अत्यंत आवश्यक हो गया है।

 

श्री नेताम ने केंद्रीय रेल मंत्री से आग्रह किया है कि जनहिबलरामपुर रामानुजगंज छत्तीसगढ़ आदिम जाति और कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के लोगों की लंबे समय से चली आ रही महत्वपूर्ण मांग को प्रमुखता से उठाते हुए केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव से आज सुबह दिल्ली में सौजन्य मुलाकात की। उन्होंने मांग पत्र प्रेषित कर बलरामपुर जिला मुख्यालय में शीघ्र रेलवे रिजर्वेशन काउंटर प्रारंभ कराने का आग्रह किया है। मंत्री श्री रामविचार नेताम की मांग पर केन्द्रीय रेल मंत्री ने सहमति प्रदान करते हुए जल्द मांग पूरी करने का आश्वासन दिया। रेल्वे काउंटर बनने से हजारों यात्रों को राहत मिलेगी।

मंत्री श्री नेताम ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि सरगुजा संभाग के अंतर्गत आने वाले बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में रेलवे रिजर्वेशन काउंटर की सुविधा उपलब्ध नहीं होने से आम नागरिकों, विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों, व्यापारियों तथा मरीजों सहित हजारों यात्रियों को टिकट आरक्षण के लिए दूसरे शहरों का रुख करना पड़ता है। इससे समय और धन दोनों की अतिरिक्त हानि होती है तथा आम लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

उन्होंने कहा कि क्षेत्र के नागरिकों एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा लंबे समय से जिले में रेलवे रिजर्वेशन काउंटर खोलने की मांग लगातार की जा रही है। जनसंख्या, बढ़ती यात्रा आवश्यकताओं तथा क्षेत्रीय विकास को देखते हुए अब यह सुविधा उपलब्ध कराना अत्यंत आवश्यक हो गया है।

श्री नेताम ने केंद्रीय रेल मंत्री से आग्रह किया है कि जनहित एवं जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए बलरामपुर जिला मुख्यालय में रेलवे रिजर्वेशन काउंटर खोले जाने के लिए आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं। इससे जिले के हजारों यात्रियों को बेहतर रेलवे सेवाएं उपलब्ध होंगी और उन्हें आरक्षण के लिए दूर-दराज के शहरों की यात्रा नहीं करनी पड़ेगी।त एवं जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए बलरामपुर जिला मुख्यालय में रेलवे रिजर्वेशन काउंटर खोले जाने के लिए आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं। इससे जिले के हजारों यात्रियों को बेहतर रेलवे सेवाएं उपलब्ध होंगी और उन्हें आरक्षण के लिए दूर-दराज के शहरों की यात्रा नहीं करनी पड़ेगी।

ग्रामीणों की चिंता पर प्रशासन ने दिखाई तत्परता महावीरगंज में प्लांट से निकलने वाले पानी की हो रही वैज्ञानिक जांच।

बलरामपुर, रामानुजगंज जिले में ग्राम महावीरगंज में प्लांट से निकलकर नदी में प्रवाहित हो रहे पानी को लेकर ग्रामीणों द्वारा जताई गई चिंता पर जिला प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी है। कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देश पर जल विशेषज्ञों की टीम ने प्लांट और आसपास के क्षेत्रों से पानी का नमूना लिया हैं, जिसकी वैज्ञानिक जांच जिला जल प्रयोगशाला में की जा रही है।
विकासखण्ड रामचन्द्रपुर के ग्राम महावीरगंज के
युवा कांग्रेस नेता इंतखाब अंसारी एवं जिला कांग्रेस कमेटी के व्यास मुनि यादव सहित ग्रामीणों द्वारा गांव में लगे प्लांट से निकलने वाले पानी को लेकर प्रशासन से शिकायत की गई थी। जिसमें ग्रामीणों ने बताया था कि प्लांट से निकलकर नदी में प्रवाहित हो रहे पानी से लोगों को परेशानी हो रही है। ग्रामीणों ने पानी के कारण लोगों के बीमार होने, मवेशियों को नुकसान पहुंचने तथा चर्मरोग जैसी बीमारी होने की आशंका भी व्यक्त की थी।

ग्रामीणों की शिकायत पर कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, खण्ड बलरामपुर के कार्यपालन अभियंता को आवश्यक निर्देश दिए।
निर्देश के परिपालन में जिले की जल विशेषज्ञ टीम द्वारा संबंधित विभागीय अमले के साथ प्लांट तथा आसपास के क्षेत्रों से पानी के सैंपल एकत्र किया गया। कार्यपालन अभियंता ने जानकारी दी है कि इन नमूनों की जिला जल प्रयोगशाला में सूक्ष्मता से जांच की जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर प्रभावित जल के सैंपल को राज्य स्तरीय विशेषज्ञ प्रयोगशाला में भी परीक्षण के लिए भेजा जाएगा

सरस्वती साइकिल योजना में क्या बड़ा झोल गुणवत्ता को लेकर कलेक्टर सख्त,डीईओ, बीईओ एवं प्राचार्य को नोटिस

बलरामपुर/रामानुजगंज। जिले में सरस्वती साइकिल योजना के तहत कक्षा 9वीं में प्रवेशित छात्राओं को वितरित की जा रही साइकिलों की गुणवत्ता को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। विकासखंड बलरामपुर के सेजेस जरहाडीह में साइकिल वितरण के दौरान गुणवत्ता संबंधी मामला सामने आने के बाद कलेक्टर ने इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

मामले में जिला शिक्षा अधिकारी, विकासखंड शिक्षा अधिकारी बलरामपुर तथा संबंधित विद्यालय के प्राचार्य को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि जिले में सरस्वती साइकिल योजना के तहत छात्राओं को वितरित की जा रही साइकिलों की गुणवत्ता का स्वयं परीक्षण एवं निरीक्षण कर यह सुनिश्चित करें कि छात्राओं को निर्धारित मानकों के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण साइकिलें ही उपलब्ध कराई जाएं।

कलेक्टर ने अधिकारियों से दो दिवस के भीतर उपस्थित होकर अपना जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि निर्धारित समयावधि में संतोषजनक जवाब नहीं मिलने अथवा साइकिलों की गुणवत्ता में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

सरस्वती साइकिल योजना का उद्देश्य छात्राओं को विद्यालय आने-जाने में सुविधा उपलब्ध कराना और उनकी शिक्षा को प्रोत्साहित करना है। ऐसे में योजना के तहत वितरित होने वाली साइकिलों की गुणवत्ता को लेकर प्रशासन की सख्ती को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब संबंधित अधिकारियों के जवाब और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।

 

वन विभाग की बड़ी कार्रवाई: अवैध लकड़ी से भरा ट्रक जब्त, चालक फरार।

बलरामपुर-रामानुजगंज। जिले में अवैध लकड़ी के परिवहन के खिलाफ वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए वाड्रफनगर वन परिक्षेत्र अंतर्गत भोदर क्षेत्र से अवैध लकड़ी से भरा एक ट्रक जब्त किया है। कार्रवाई के दौरान ट्रक चालक वन विभाग की टीम को देखकर वाहन मौके पर छोड़कर फरार हो गया। वन अमले ने ट्रक को कब्जे में लेकर लकड़ी की जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार, वन विभाग को क्षेत्र में अवैध रूप से लकड़ी परिवहन किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना को गंभीरता से लेते हुए वाड्रफनगर वन परिक्षेत्र की टीम ने ग्राम पंचायत रूपपुर सहित भोदर क्षेत्र में निगरानी और घेराबंदी की। इसी दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में एक ट्रक वहां पहुंचा। वन विभाग की टीम ने वाहन को रोकने का प्रयास किया, लेकिन टीम को देखते ही चालक ट्रक को मौके पर छोड़कर फरार हो गया।
इसके बाद वन अमले ने ट्रक की तलाशी ली, जिसमें बड़ी मात्रा में लकड़ी बरामद हुई। प्रारंभिक तौर पर जब्त लकड़ी चंदन जैसी दिखाई देने वाली कत्थे की लकड़ी होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि लकड़ी की वास्तविक प्रजाति और उसकी वैधता की पुष्टि वन विभाग की जांच के बाद ही हो सकेगी।
वन विभाग की टीम अब यह पता लगाने में जुटी है कि लकड़ी कहां से काटी गई थी और इसे कहां ले जाया जा रहा था। साथ ही ट्रक के दस्तावेजों और लकड़ी से संबंधित वैध कागजात की भी जांच की जा रही है। फरार चालक की पहचान और तलाश के लिए भी वन विभाग द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
इस कार्रवाई के बाद अवैध लकड़ी कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मचा हुआ है। वन विभाग का कहना है कि वन संपदा के अवैध कटान और परिवहन के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। मामले में जांच पूरी होने के बाद ही जब्त लकड़ी की मात्रा, प्रजाति और पूरे नेटवर्क से संबंधित विस्तृत जानकारी सामने आ सकेगी।